बाढ़ गे धुकधुकी, थम गे प्रचार

धमेन्‍द्र निर्मल के सार समाचार, रइपुर सम्मेत 7 सीट बर इतवार संझा ले थम गे चुनई प्रचार लोकसभा चुनई के तीसरइया अउ प्रदेश के आखरी चरण म सात लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र खातिर चुनई प्रचार-प्रसार इतवार संझा 5 बजे ले थम गे। तेकर पीछू प्रत्याशी दुवारी दुवारी मेल मिलाप के माध्यम ले मतदाता मन ल आखरी बेरा म रिझाए मनाए के उदीम करहीं। तीसरइया चरण म रइपुर, बेलासपुर, दुरूग, जांजगीर, कोरबा, रायगढ़ अउ सरगुजा लोकसभा क्षेत्र खातिर 23 अप्रैल दिन मंगल के मतदान होही। सातों सीट बर 123 उम्मीदवार मैदान म हे। जेमा 18 माइलोगन अउ 105 आदमी जात प्रत्याशी हवयं।




बता देथन कि रइपुर लोकसभा सीट पाछू सात चुनाव ले भाजपा को गढ़ रहे हवय। इहां रमेश बैस लगातार सात चुनाव से जीतत आए हवय। फेर ए पइत भाजपा ह
उन्कर टिकट काट के रइपुर सीट बर कांग्रेस के प्रमोद दुबे के आगू म भाजपा ले सुनील सोनी ल उतारे हवय। लोकसभा चुनई के तीसरइया चरण म कुल 123 अभ्यार्थी चुनई अखाड़ा म अपन भाग अजमावत हवय। रायपुर अउ बेलासपुर म 25, दुरूग म 21, कोरबा म 13, रायगढ़ म 14, जांजगीर म 15 अउ सरगुजा म 10 प्रत्याशी चुनाव लड़त हवय। सबले जादा बेलासपुर अउ रइपुर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र म 25 प्रत्याशी हवयं। उहेंचे सरगुजा लोकसभा क्षेत्र बर सबले कमती 10 अभ्यर्थी हे।




रइपुर म 2339, रायगढ़ म 2324, सरगुजा म 2148, बेलासपुर म 2213, कोरबा म 2007, दुरूग म 2172 अउ जांजगीर चांपा म 2172 मतदान केंद्र बनाए गे हवयं।
लमसम 1 करोड़ 27 लाख मतदाता अपन मताधिकार के प्रयोग करहीं। रइपुर लोकसभा सीट म सबले जादा 21 लाख 11 हजार वोटर हवयं। कुल मतदाता मन म
64 लाख 16 हजार 252 पुरुष, 62 लाख 96 हजार 992 महिला अउ 572 तीसर लिंग के मतदाता संघरे हवयं। तीसरइया चरण के मतदान खातिर 15 हजार 408 बूथ बनाए गे हवयं। शत-प्रतिशत मतदान सुनिश्चित करे खातिर 15 हजार 408 मतदान केंद्र बनाए गे हवयं। एकर खातिर 90 हजार ले उपराहा सुरक्षाकर्मी तैनात करे जाही।



चटकारा
सुकालू – खेती अपन सेति कहिथे रे बाबू, जब तक करगा अउ बन कचरा मन ल धियान दे के नइ निमारहू तब तक न फसल बने घउदय न दाना बने पोठ आवय।
दुकालू – इहां तो सरी खेत भर निमगा करगे करगा दिखत हे कका, अइसनेहे म फसल के का आसरा करबे।
सुकालू – जब अइसनहा बात हे त मार देवव निंदानाशक अउ बननाशक सबो जावत राहय। फेर जोत लेहू एक पइत। अपन हाथ जगन्नाथ हे बेटा ! नो नोट ओनली नोटा मारौ गोंटा निकल जाय पोटा कइसे ?
बने गोठ हे नही बेटा !

लउछरहा..