व्हील एलाईमेन्ट एंड कार वाश खोल के आत्मनिर्भर होइस दीपक

बेमेतरा, जिहां चाह, उहां राह ए कहावत ल चरितार्थ कर देखाए हे, ग्रामीण क्षेत्र म पले-बढ़े एक युवा दीपक साहू ह। उमन प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के माध्यम ले बेमेतरा शहर के कोबिया म व्हील एलाईमेन्ट एंड कार वाश के खुद के व्यावसाय स्थापित करे हें अऊ संगेच म तीन लड़का ल घलोक रोजगार देहे हें। भेंट के समय दीपक ह बताइस के वो ह दू साल पहिली ए योजना के अंतर्गत 10 लाख रूपिया के बैंक लोन ले रहिस। वो ह बताइस के हर महिना तीन श्रमिक मन के लेबर पेमेन्ट अउ 9 हजार रूपिया भवन के मासिक किराया काटके ओला ए व्यवसाय ले 20 ले 23 हजार के बीच शुद्ध मुनाफा मिलत हे। बेमेतरा जिला के जनपद पंचायत क्षेत्र बेमेतरा के अंतर्गत ग्राम मुंगेली पोस्ट – चंदनू निवासी दीपक साहू ह ए व्यवसाय ल चुने के बारे म सवाल पूछे म बताइस के ओकर मन म ये विचार काबर आइस के अभी हाले म फोर व्हीलर खरीदइया मन बर बैंक फाइनेन्स के सुविधा मिले ले मार्केट म गाड़ी मन के संख्या म बढ़ोतरी होए हे। ए कारण उमन आटो मोबाईल सेवा क्षेत्र ल व्यवसाय बर चुनिन।
दीपक ह बेमेतरा ले कक्षा बारहवीं तक पढ़ाई करे हे जबकि कक्षा दसवीं तक के पढ़ाई तीर के गांव चंदनू हाईस्कूल ले करे हे। दीपक ह बताइस के वोकर परिवार म माता-पिता के अलावा दू भाई अउ एक बहिनी हे। बड़े भाई घर के खेती-किसानी के काम देखथे। एक भाई जऊन नवागढ़ ब्लॉक म पंचायत सचिव के पद म कार्यरत रहिस वोकर दस साल पहिली एक सड़क दुर्घटना म असामयिक मौत होए ले घर के जिम्मेदारी वोखरे उपर आ गए हे। दीपक ह खुद के व्यवसाय स्थापित करे के पहिली रायपुर के एक गैरेज म तीन ले चार हजार रूपिया के पगार म काम करत रहिस।
आटो वर्कशॉप दुकान चालू करे के प्रेरणा कहॉ ले मिलीस ए संबंध म पूछे ले दीपक ह बताइस के वोकर बड़े मॉ (मौसी) के लड़का जऊन राजधानी रायपुर के आटो मोबाईल दुकान म काम करत रहिस वोखर ले प्रेरणा मिलीस। उन्‍हें दुसर तरफ दीपक ह बताइस के रायपुर के कोनो व्हील एलाईमेन्ट एंड कार वाश म काम करत-करत उहां ले उमन ट्रेनिंग हासिल कर लीस। जब काम पूरा सीख लीस तब मन म विचार आइस के काबर न मोर खुद के व्यवसाय होवय। वो बताइस के ए खातिर मै ह जिला के उद्योग विभाग ले संपर्क करेंव, त उहां के अधिकारी मन ह बताइस के प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम ले बैंक ऋण लेके तैं अपन खुद के कारोबार कर सकत हस।
दीपक ह बताइस के प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम हम जइसे युवा मन बर कोनो वरदान ले कम नइ हे। ए येाजना के अंतर्गत विनिनिर्माण उद्योग स्थापना बर 25 लाख रूपिया तक अउ सेवा क्षेत्र म खुद के व्यवसाय स्थापित करे बर 10 लाख रूपिया तक के बैंक लोन जिला व्यापार अउ उद्योग केन्द्र के माध्‍यम ले प्रदान करे जाथे। ये मां 25 प्रतिशत तक के सब्सिडी (छूट) सामिल हे। खुद के व्यवसाय स्थापित करे बर 10 लाख रूपिया के लोन (ऋण) म ढाई लाख रूपिया तक के छूट के लाभ मिलथे। दीपक साहू ह बताइस के पाछू डेढ़ साल म हर महिना 20 हजार रूपिया के मान ले 18 किश्त के रूप म 3 लाख 60 हजार रूपिया तक किश्त अदा कर ढरे हे। 3 लाख 90 हजार रूपिया के किश्त पटाना बाकी हे। ये ऋण ओला पांच साल म पटाना हे।
ए व्यवसाय ले संतुष्ट हावव या नहीं ए संबंध म पूछे ले दीपक ह बताइस के आज प्रतिस्पर्धा के जमाना म हर कोनो ल नौकरी मिले के संभावना कम हे हम जइसे युवा मन बर खुद के व्यवसाय स्थापित करके मैं ए व्यवसाय ले आत्मनिर्भर अउ खुश हंव। वो ह युवा मन ल संदेश देत कहिस के तुमन घलोक मोर जइसे ही खुद के व्यवसाय शुरू करके आत्मनिर्भर बनव। दीपक ह सरकार के ए योजना के प्रति उद्योग विभाग के अधिकारी मन ल हृदय ले धन्यवाद ज्ञापित करिस।

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