अलग-अलग रंग अउ सुघर पैकेजिंग के संग समूह कोती ले बनाय जात हे हर्बल गुलाल
हर्बल गुलाल ले आत्मनिर्भरता कोती बढ़त कदम
कबीरधाम, छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ ले जुड़े कबीरधाम जिला के महिला स्व-सहायता समूह मन महिला सशक्तीकरण के रस्ता मा आगू बढ़त हें। जनपद पंचायत बोड़ला के ग्राम राजा नवागांव के जय गंगा मैया स्व-सहायता समूह ले जुड़े दीदी मन ह होली के तिहार बर हर्बल गुलाल बनाय हें। महिला समूह ह हर्बल गुलाल के धंधा ले जुड़ के कमाई के नवा रस्ता खोले हें। ए काम मा 10 महिला मन सीधा जुड़े हें, जेन ओकर मन के आमदनी के एक बढ़िया जरिया ए। लाल, गुलाबी, पीला के संग आन रंग अउ प्राकृतिक खुशबू ले भरमूर हर्बल गुलाल बजार मा आए बर तइयार हे।
कलेक्टर कबीरधाम श्री गोपाल वर्मा ह बताइन के हर साल होली के बखत जिला के अलग-अलग महिला समूह कोती ले हर्बल गुलाल बनाय जाथे। कलेक्टोरेट, जम्मो जनपद पंचायत ऑफिस अउ आन जगह मा स्टॉल लगा के हर्बल गुलाल बेंचे जाही। समूह के दीदी मन कोती ले बनाय गे गुलाल पूरा तरीका ले प्राकृतिक (Natural) हे अउ बजार मा मिलइया आन रंग के तुलना मा सस्ता घलो हे। हर्बल गुलाल के पैकेजिंग बड़ सुघर हे अउ एहा उपहार देहे बर घलो बड़ बढ़िया हे। एहा अलग-अलग रंग अउ मात्रा मा उपलब्ध हे। पाछू साल घलो समूह के बनाए गुलाल ला लोगन मन बड़ पसंद करे रिहिन अउ ए धंधा ले जुड़ के हमर गांव के महिला मन आत्मनिर्भर होवत हें।
जिला पंचायत सीईओ ह बताइन के हर साल कतको समूह एकर निर्माण करत हें। हर समूह ला ए धंधा ले 50 ले 60 हजार रुपिया तक के लाभ हो जाथे। हर्बल गुलाल के बढ़िया गुन अउ सुघर पैकिंग सब ला भाथे। योजना ले जुड़े कर्मचारी मन समूह ला मउसम के हिसाब ले धंधा करे बर प्रेरित करत हर्बल गुलाल बनाय बर बढ़ावा देथें। एकर बर जरूरी कच्चा माल के बेवस्था मा घलो समूह के मदद करे जाथे।

