बढ़िया उपज कोती बढ़िस कदम; अब गाँव के किसान मन बर बनिस अगुआ
मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, बदलत खेती-किसानी के समे म नवा-नवा तकनीक ल अपनइया किसान मन सफलता के नवा कहानी लिखत हें। मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिला के गाँव कछौड के अगुआ किसान श्री मिठाईलाल ददा श्री इन्द्रदेव ह बिज्ञान वाले खेती ल अपना के ए साबित कर देहे हे के नवा सोच, सही रद्दा अऊ नवा तकनीक ले खेती ल जादा फ़ायदा वाले बनाए जा सकत हे। इफको नैनो डीएपी के सफल उपयोग ले ओ ह खेती के खरचा ल कम करे के संगे-संग बढ़िया उपज पाए के दिसा म मज़बूत कदम बढ़ाए हे। ओकर ए कोसिस अब ओ क्षेत्र के दूसर किसान मन बर घलो प्रेरणा के केंद्र बन चुके हे।
खेती ले ही अपन परिवार ल पोसइया श्री मिठाईलाल ह बीते कइयोन साल ले खेती-किसानी के काम ले जुड़े हे। कुछू समे ले रसायनिक खाद मन के बढ़त दाम अऊ उपज ल लेके अनिश्चितता ओकर बर बड़ चुनौती बन गे रहिस। इही बीच म कृषि विभाग अऊ आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित कछौड, शाखा मनेन्द्रगढ़ ले ओला इफको नैनो डीएपी के जानकारी मिलिस। विभाग के अफ़सर मन अऊ किसानी के जानकार मन ह ओला बताइन के ए नवा खाद ह कम मात्रा म उपयोग होए के बाद घलो पौधा मन ल जरूरी पोसक तत्व बढ़िया ढंग ले पहुँचाथे अऊ फसल के गुन अऊ उपज ल बढ़ाए म मदद करथे।
जानकार मन के सलाह म ओ ह अपन फसल म नैनो डीएपी के उपयोग करिस। थोरहे समे म खेत म एखर बढ़िया असर दिखे बर धर लीस। फसल के बढ़वार पहिली के तुलना म जादा अउ तेज़ होइस, पौधा मन म हरियर होइन अऊ ओकर मज़बूती घलो सोझ दिखे बर धर लीस। एखर ले बढ़िया उपज के असरा मज़बूत होइस अऊ खेती कोती ओकर बिस्वास पहिली ले अउ जादा बाढ़ गे।
नैनो डीएपी के उपयोग ले जुन्ना खाद मन उपर होवइया खरचा घलो कम होइस, जेखर ले खेती के लागत घटिस अऊ अवइया समे म जादा फ़ायदा मिले के असरा बढ़िस। श्री मिठाईलाल के कहना हे के कहूं किसान मन नवा तकनीक मन ल अपनाए के हिम्मत करहीं अऊ खेती के जानकार मन के सलाह के मुताबिक खेती करहीं, त कम खरचा म बढ़िया उपज पा के अपन आय ल जादा बढ़ा सकत हें।

