जगदलपुर, बकावण्ड ब्लॉक के ग्राम जामगुड़ा (धनपुर) मा रहइया महेश भारती के घर जब बेटी रंजना के जनम होइस, त खुसी के संग-संग एक गहिरा चिंता घलो आ गे रिहिस। मासूम रंजना जनम ले ही ‘क्लेफ्ट लिप’ (कटे होंठ) के बिमारी ले जुझत रिहिस। जइसे-जइसे रंजना बाढ़त रिहिस, दाई-दादा के मन मा अपन बेटी के भविष्य, ओकर पढ़ई-लिखई अउ समाज मा ओला स्वीकार करे के बात ल लेके डर बाढ़त जात रिहिस। सबले बड़े चुनौती आर्थिक तंगी के रहिस। एक सामान्य परिवार बर निजी अस्पताल मा ऑपरेशन के भारी-भरकम खरचा उठाना असंभव कस रिहिस, जेकर सेती दाई-दादा मन अपन आप मन ला असहाय महसूस करत रहिन।
ओकर मन के ए मायूसी के बीच आसा के पहिली किरन 19 जून 2025 के तब जगीस, जब चिरायु दल बकावण्ड के टीम आँगनबाड़ी केंद्र पहुँचीस। स्वास्थ्य जांच के बखत टीम ह रंजना के हालत ला देखिस अउ दाई-दादा ला भरोसा देलावत ओला जिला प्रारंभिक हस्तक्षेप केंद्र रेफर कर दीस। एकर बाद के रस्ता जिला स्वास्थ्य समिति के सहयोग ले आसान होत गीस। 06 नवंबर 2025 के लइका ला रायपुर के मेडिसाईन अस्पताल मा भरती कराय गीस, जिहां बड़े डॉक्टर मन रंजना के सफल ऑपरेशन करिन।
सबले बड़े राहत के बात ए रिहिस के जांच, ऑपरेशन अउ अस्पताल मा रहे के जम्मो खरचा सासन कोती ले उठाय गीस, जेकर से महेश भारती के परिवार आर्थिक बोझ ले बच गे। 13 फरवरी के जब स्वास्थ्य विभाग के टीम फॉलो-अप बर पहुँचीस, त रंजना ला पूरा तरीका ले स्वस्थ पाइन। बेटी के चेहरा के बनावट मा आए ए सुघर बदलाव अउ ओकर खिलखिलावत मुस्कान ह दाई-दादा के कतको साल के डर ला खतम कर देहे हे। सासन के ए जन-कल्याणकारी योजना बर आभार मानत परिवार वाले मन बताइन के अब उमन अपन बेटी के सोनहा अउ सामान्य भविष्य ला लेके पूरा तरीका ले आश्वस्त हें।
सासन के योजना ले दूर होइस बेटी के भविष्य के चिंता, चिरायु दल ह लहुटाइस मासूम रंजना के मुस्कान

